एक कीमत “ज़िंदगी” की–44

रितिका पागलों की तरह चॉकलेट लंड को मुँह में अंदर बाहर कर रही थी..और उसके बाल्स पे उंगलियाँ फिरा रही

Hindi Sex Stories Antarvasna Kamukta Sex Kahani Indian Sex Chudai

थी……रितिका को भी बड़ा मज़ा आ रहा था…ऐसे चॉकलेट लंड को सक करने में .. एक अलग ही टेस्ट मिल

रहा था उसे…वो तेज़ी से सक करती हुई चॉकलेट को खा गयी सारा…बस अब लोलीपोप ही रह गया था

चमक दार…

ओह्ह रितिका…नाउ आइ कंत्त वेट मोर….उसने रितिका को अपने लंड से हटाया और खिचते हुए उसे अपने नीचे

ले लिया…रितिका का चेहरा भी चॉकलेट से सन गया था…दोनो ने एक दूसरे की आँखों में देखा और फिर

अपने होंठ आगे बढ़ा के उन्हे चूसने लगे…..और चाटने लगे..दोनो बहुत हॉट किस कर रहे

थे…और फिर अंकित जीब बाहर निकाल के रितिका के होंठों पे लगे चॉकलेट को चाटने लगा….फिर रितिका ने

भी सेम ऐसा ही किया….

अब दोनो से ही नही रहा जा रहा था…अंकित का लंड चूत पे मार रहा था….तो अंकित ने अपनी कमर

पीछे की और चूत पे धक्का मारा..पर चूत के अंदर ना जाके फिसल गया…वो तो पागलो की तरफ किस में लगा

हुआ था..इसलिए वो ऐसे धक्के मार रहा था…..लेकिन बार बार लंड फिसल रहा था…लेकिन रितिका होश में

थी..उसने अपना हाथ नीचे किया..और अंकित के लंड को पकड़ा और चूत के छेद पे सेट किया…और उधर

अंकित ने धक्का मार डाला एक तेज धक्का…

स्यौर्र्र्र्र्ररर करते हुए लंड एक ही बार में चूत के अंदर समा गया कुछ जुनून और कुछ चूत

और लंड की जबरदस्त चिकनाहट ने ये काम आसान कर दिया..रितिका की घुटि हुई आवाज़ उंघंन उःम्म अंकित

के मुँह में ही गुम हो रही थी…

जैसे ही चूत की गर्माहट लड पे पड़ी अंकित तो पागल हो गया और उसने अपनी कमर तेज तेज हिलाना शुरू

कर दिया और गान्ड को बाहर खिचते हुए अंदर घुसाने लगा….बेड पूरी तरह से हिल रहा था..रितिका की

आँखें भारी होने को हो गयी…दोनो अभी भी किस में डूबे हुए थे…लंड चूत से बाहर आता और फुर्र से

अंदर घुस जाता..इतनी ज़बरदस्त स्पीड थी…बड़ी मुश्किल से रितिका ने अंकित के चेहरे को पकड़ के अपने

होंठों से अलग किया…..

रितिका गहरी गहरी साँसे लेने लगी…..अहह उसके मुँह से सिसकी निकल रही थी अंकित अभी भी तेज

धक्के लगा रहा था…

आहह अंकित्त स्टोप्प प्लीज़…लिसन ओह उअह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह्ह लिसन मी प्लेआससे.ए……

रितिका सिसकियाँ लेते हुए उसकी गान्ड पे हाथ रख के उसे रोकने को कह रही थी…

अंकित्त लिस्तींंननननननननणणन् आहह …… (उसने तेज़ी से कहा तो अंकित रुका…तूफान रुका कुछ पल

के लिए जिसने थोड़ी देर पहले बुरा हाल कर दिया था)

रितिका :- अंकित..प्लीज़….डोंट डू तट फास्ट…दो स्लोवॉली आइ वान्ट टू फील युवर एवेरी सिंगल स्ट्रोक … आइ डोंट वान्ट तट लस्टी स्ट्रोक्स..प्लीज़…(उसने अंकित के चेहरे पे अहत रखते हुए आँखों में देखते हुए बोला)

अंकित समझ गया……उसने एक मुस्कान दी..और अपना चेहरे उसकी गर्दन पे रख के अपनी गान्ड को पीछे किया

और धीरे धीरे छूट मे घुसाया……..और फिर दो चार बार ऐसे ही स्लोली किया..)

अहह ओह्ह्ह बेबी यस…..ओह्ह्ह यस फक लाइक दिस अंकित…..ओह्ह मयी….आइ फील इट इनसाइडी ओह्ह

गोड्ड़ इट फ़ील्सस अनबिलीवबली….आहह लोवेलयय….डू लाइक दिस..आहह ओह ह्म्‍म्म्मममम

अहह………..रितिका के मुँह से एक अलग अंदाज़्ज़ मे सिसकियाँ निकल रही थी….

दोनो का करीब ऐसे ही चलता रहा…अंकित धीरे धीरे धक्के लगाता जाता..और रितिका मदहोशी में

पागल उसकी पीठ में नाख़ून गढ़ाए बैठी रहती….

आहह रितिका….आइ कॅंट टेक इट अनीमोर..युवर पुसी ..आहह ओह्ह आइ वान्ट टू कम..आइ वान्ट टू कम नाउ…

(करीब 20 मिनट के धक्के के बाद अंकित के लंड ने जवाब देना शुरू किया)

ओह्ह्ह येस्स…कम इट इनसाइडी बाबयी….कम इट इनसाइडी……..अहह ईम कुमिणटज्ग टूऊ येस्स…

आइ आम कमिंग बाबयययययययययी…..अंकित चिल्लाता हुआ धीरे धीरे धक्कों के साथ अपनी कमर को झटकाता है

और अपना सारा लावा गर्म गर्म रितिका की चूत के अंदर बहने लगता है…

रितिका भी उस गर्म लावे को पाके अपना गर्म पानी छोड़ के एक संगम बना देती है……

और दोनो हान्फते हुए ऐसे ही पड़े रहते हैं..एक बेहद सुखद समय को पार कर के…..

कुछ देर तक दोनो ऐसे ही रहे…और फिर पूरी रात में दोनो ने आज की रात को यादगार बनाने के लिए

3 बार और चुदाई करी अलग अलग आंगल अलग अलग पोज़िशन्स में……..

और सुबह 3 बजे जाके बिस्तर पे सोए होंगे…

करीब 7 बजे खटपट की आवाज़ से अंकित की आँख खुली…वो पेट के बल सोया पड़ा हुआ था और उसके उपर

एक चादर धकि हुई थी..शोर से उसकी आँख खुली तो उसने अपनी आँखों को मलते हुए सामने देखा …

रितिका आल्मिरा के सामने खड़ी कुछ कर रही थी……

गुड मॉर्निंग.जी…….(अंगड़ाई लेते हुए)

रितिका मूडी और मुस्कुराते हुए … गुड मॉर्निंग अंकित…

अंकित :- (बेड पे बैठते हुए) रितिका ये सब सुबह सुबह…..कहीं जा रही हो..

रितिका :- भूल गये अंकित…आज…मेरी फ्लाइट है…. (वो थोड़ा रुकती हुई बोली और फिर अपने समान को पॅक करने

में लग गयी)

अंकित को एक दम होश आया….और अपने मन में… ओह्ह शिट्स….ये तो में भूल ही गया था आज रितिका जा

रही है….(और उसका दिल ज़ोर ज़ोर से इस बात को लेकर धड़कने लगा)

में फ्रेश होके आता हूँ….अंकित ये बोला और उठ के बाथरूम में घुस गया…..

क्रमशः………………………